हालांकि, सिर्फ ट्रेन संचालन ही नहीं, बल्कि देश के कई रेलवे स्टेशन भी अपनी अनोखी खासियतों के कारण चर्चा में रहते हैं। कहीं स्टेशन की भव्य इमारत लोगों को आकर्षित करती है तो कहीं उसका नाम या लोकेशन लोगों को चौंका देता है।
भारत के सबसे प्रसिद्ध और खूबसूरत स्टेशनों में मुंबई का छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस शामिल है, जो अपनी विक्टोरियन गोथिक वास्तुकला के लिए विश्व धरोहर स्थल के रूप में जाना जाता है। वहीं भोपाल का रानी कमलापति रेलवे स्टेशन आधुनिक सुविधाओं और एयरपोर्ट जैसे डिजाइन के कारण चर्चा में है। लखनऊ का चारबाग रेलवे स्टेशन अपनी महलनुमा बनावट के लिए मशहूर है।
इसके अलावा कुछ स्टेशन अपनी लोकेशन के कारण खास हैं। महाराष्ट्र और गुजरात की सीमा पर स्थित नवापुर स्टेशन ऐसा है जहां एक ही ट्रेन का इंजन एक राज्य में होता है और बोगियां दूसरे राज्य में खड़ी रहती हैं। इसी तरह भवानी मंडी रेलवे स्टेशन राजस्थान और मध्य प्रदेश के बीच बंटा हुआ है। दार्जिलिंग के पास स्थित घुम स्टेशन देश का सबसे ऊंचा रेलवे स्टेशन माना जाता है। वहीं कुछ स्टेशनों के नाम जैसे दीवाना (हरियाणा) और काला बकरा (पंजाब) भी लोगों को चौंका देते हैं।
इन सबके बीच एक ऐसा रेलवे स्टेशन भी है जो अपनी अनोखी सुविधा के कारण सबसे अलग पहचान रखता है। यह स्टेशन है पश्चिम बंगाल का हावड़ा जंक्शन। यहां एक खास सड़क सीधे प्लेटफॉर्म के बीच से गुजरती है, जिसे “कैब रोड” कहा जाता है। इस सड़क की मदद से कार, बाइक और कैब सीधे प्लेटफॉर्म तक पहुंच सकती हैं।
हावड़ा जंक्शन पर प्लेटफॉर्म नंबर 8 और 9 के बीच बनी यह चौड़ी सड़क यात्रियों को बड़ी सुविधा देती है। वाहन सीधे ट्रेन के डिब्बों के पास तक जाकर यात्रियों को उतार सकते हैं। गाड़ियां फोरशोर रोड से स्टेशन में प्रवेश करती हैं और बकलैंड ब्रिज गेट से बाहर निकलती हैं, जिससे ट्रैफिक भी प्रभावित नहीं होता।
इसी तरह के अनोखे और आकर्षक स्टेशन भारतीय रेलवे की विविधता और इंजीनियरिंग क्षमता को दर्शाते हैं। पिछले एक दशक में रेलवे ने इन्फ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में भी बड़ा बदलाव किया है। वंदे भारत ट्रेनों की शुरुआत, अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत स्टेशनों का आधुनिकीकरण, रेलवे लाइनों का विद्युतीकरण और डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर जैसे प्रोजेक्ट्स ने रेलवे को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है।
