जानकारी के अनुसार गुरुवार सुबह करीब 5:30 बजे दो बदमाश बाइक पर सवार होकर पहुंचे। बताया जा रहा है कि वारदात से पहले आरोपियों ने वीडियो कॉलिंग के जरिए घर की लोकेशन और आसपास की जानकारी कन्फर्म की थी। इसके बाद उन्होंने घर के मुख्य गेट को निशाना बनाते हुए लगातार गोलियां चलाईं।
गनीमत रही कि फायरिंग के दौरान घर के अंदर मौजूद किसी भी व्यक्ति को चोट नहीं लगी। हालांकि ताबड़तोड़ गोलियों की आवाज से इलाके में दहशत फैल गई और लोग घरों से बाहर निकल आए।
घटना की सूचना मिलते ही डीएसपी इंसार अली और सीआई गौरव खिड़िया पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल से गोलियों के कई खाली खोल बरामद किए हैं। राजेंद्र बबेरवाल पार्षद होने के साथ प्रॉपर्टी व्यवसाय से भी जुड़े हुए हैं। ऐसे में पुलिस रंजिश, धमकी और आपसी विवाद समेत कई एंगल से मामले की जांच कर रही है।
पड़ोसी बोले- बाहर गोलियों के खोल बिखरे पड़े थे
राजेंद्र बबेरवाल के पड़ोसी और पूर्व पार्षद दिनेश कुमावत ने बताया कि सुबह अचानक पटाखों जैसी तेज आवाजें सुनाई दीं। आवाज सुनकर जब वे बाहर आए तो घर के बाहर गोलियों के खाली खोल बिखरे पड़े थे।
उन्होंने कहा कि इस वारदात के जरिए इलाके में डर और भय का माहौल बनाने की कोशिश की गई है। साथ ही बदमाशों ने प्रशासन को खुली चुनौती दी है।
पुलिस ने पीछा किया तो बदमाशों ने की फायरिंग
चूरू एसपी निश्चय प्रसाद एम ने बताया कि घटना के बाद जिलेभर में नाकाबंदी करवाई गई। इसी दौरान तारानगर रोड पर डीएसटी और पुलिस टीम को संदिग्ध बदमाश दिखाई दिए। पुलिस ने उनका पीछा किया तो आरोपियों ने पुलिस टीम पर भी फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस की जवाबी कार्रवाई में अनमोल नाम के बदमाश के गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया। उसे गंभीर हालत में राजकीय भरतिया अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। वहीं उसके साथी रोहित को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। दोनों आरोपी पंजाब के बताए जा रहे हैं।
फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि फायरिंग के पीछे किसका हाथ था और इसका मकसद क्या था।
