पुलिस के अनुसार आरोपी राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम, साजिश और अन्य गंभीर धाराओं से जुड़े मामले में वांटेड था। उसकी गिरफ्तारी के बाद अब आगे की कार्रवाई के लिए उसे स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) जयपुर के हवाले कर दिया गया है।
एसपी चूनाराम जाट ने बताया कि पुलिस मुख्यालय और जोधपुर रेंज आईजी के निर्देश पर जिलेभर में वांटेड अपराधियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नितेश आर्य के सुपरविजन में डीएसटी टीम का गठन किया गया था। टीम लगातार आरोपी की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थी।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान भभूताराम उर्फ रणजीत पुत्र विरधाराम निवासी लक्ष्छिये का तला, भूणिया के रूप में हुई है। आरोपी पिछले दो साल से फरार चल रहा था और कई बार पुलिस को गुमराह कर बच निकलने में सफल रहा।
मामला एसओजी जयपुर थाने में दर्ज है, जिसमें PTI भर्ती परीक्षा से जुड़े कथित गड़बड़ी और साजिश की जांच की जा रही है। आरोपी की लंबे समय तक गिरफ्तारी नहीं होने पर उप महानिरीक्षक पुलिस, स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) जयपुर द्वारा 30 मार्च 2026 को उस पर 15 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया था।
अब आरोपी की गिरफ्तारी के बाद SOG उससे पूछताछ कर भर्ती परीक्षा मामले में जुड़े अन्य पहलुओं की जांच करेगी। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ में और भी महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं।
